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नगर निगम के ‘4884 फ्लैट्स’ अटके, 21 प्रोजेक्ट में 40% का काम बंद

MP News: निगम की ही जानकारी के अनुसार 21 प्रोजेक्ट में तय 11,457 फ्लैट्स में से 6573 ही बन सके हैं।

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(Photo Source- Patrika)

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MP News: एमपी के भोपाल शहर में सबके लिए घर की योजना लेटलतीफी का शिकार हो गई है। नौ साल में साढ़े ग्यारह हजार मकान बनाकर लोगों को देने थे, लेकिन महज साढ़े छह हजार ही आवास बन पाए हैं। नगर निगम ने केंद्र की हाउस फॉर ऑल योजना के तहत 21 प्रोजेक्ट शुरू किए थे। 40 फीसदी प्रोजेक्ट काम शुरू होने के बाद अटक कर बंद हो गए, जो चल रहे हैं वे भी बेहद धीमे हैं। निगम की ही जानकारी के अनुसार 21 प्रोजेक्ट में तय 11,457 फ्लैट्स में से 6573 ही बन सके हैं।

2016 से प्रोजेक्ट पांच ही तैयार

ये प्रोजेक्ट 2016 से चल रहे हैं। अभी पांच ही तैयार हैं। अपने घर लिए हितग्राही भटक रहे हैं। उन्हें किराया के साथ इन आवास की बैंक लोन की किस्त भी चुकानी पड़ रही है। हाउसिंग फॉर ऑल का जिम्मा अभी अपर आयुक्त तन्मय शर्मा और अधीक्षण यंत्री उदित गर्ग के पास है।

जानें क्या है प्रोजेक्ट्स की स्थिति

12 नंबर बस स्टॉप

शुरुआत: मई 2017
फ्लैट: 1224 फ्लैट
लागत: लगभग 146 करोड़
कार्य: 87 फीसदी काम हुआ

स्थिति: यह प्रोजेक्ट 18 महीने में पूरा होना था, लेकिन ठेकेदार द्वारा काम बीच में छोड़ देने के कारण 7 साल बाद भी यह अधूरा है।

बागमुगालिया

शुरुआत: फरवरी 2019
फ्लैट: 768 फ्लैट
लागत: लगभग 210 करोड़
कार्य: 90 फीसदी काम हुआ

स्थिति: 24 महीने में पूरा होना था, लेकिन यह भी विलंबित है। इसे रेरा की अनुमति भी नहीं मिली है। लोग बिना आवंटन के रहने लगे हैं।

गंगा नगर/श्याम नगर

शुरुआत: 2017
फ्लैट: 792 फ्लैट
लागत: लगभग 190 करोड़
कार्य: 76 फीसदी काम हुआ।

स्थिति: इसे भी 18 माह में पूरा करने का लक्ष्य था, लेकिन यह विलंबित चल रहा है। ठेकेदार को भुगतान नहीं किया गया, जिससे कार्य प्रभावित हुआ।

राहुल नगर-2

शुरुआत: 2022
फ्लैट: 240 फ्लैट हैं
लागत: लगभग 125 करोड़
कार्य: 41 फीसदी काम हुआ।

स्थिति: इसे 24 माह में पूरा होना था, लेकिन काम अभी भी अधूरा है। हालांकि राहुल नगर-1 के 336 फ्लैट बनकर तैयार हो चुके हैं।

महीनों से नहीं हुई प्रगति

  1. बैरागढ़ में 60 फ्लैट बनने थे। इनका 95 फीसदी काम हो चुका है।
  2. नीलबड़ में 60 फ्लैट बनने थे। इनका 75 फीसदी काम हो चुका है।
  3. रासलाखेड़ी में 60 फ्लैट बनने थे। इनका 80 फीसदी काम हो चुका है।

एचएफए का कार्य प्रगति पर है। जल्द ही हितग्राहियों को घर मिलेंगे। सभी प्रोजेक्ट की साप्ताहिक समीक्षा की जाती है।- संस्कृति जैन, आयुक्त, निगम