
Vitamin B6 Side Effects (Photo- freepik)
Vitamin B6 Side Effects: विटामिन B6, जिसे पायरिडॉक्सीन भी कहा जाता है, हमारे शरीर के लिए बेहद जरूरी पोषक तत्व है। यह अकेले 140 से ज्यादा बॉडी फंक्शन्स में मदद करता है, जैसे दिमाग का विकास, इम्यून सिस्टम को मजबूत रखना, और प्रोटीन, फैट व कार्ब्स को सही तरीके से मेटाबोलाइज करना। अच्छी बात यह है कि यह विटामिन खाने में आसानी से मिल जाता है, खासकर चिकन, मछली, अंडे, आलू जैसे स्टार्च वाली सब्जियों और फलों में।
ज्यादातर लोगों की रोज की जरूरत (1.3-1.7 mg) सामान्य डाइट से आराम से पूरी हो जाती है। लेकिन आजकल लोग ज्यादा एनर्जी के लिए या हेल्थ बूस्ट के नाम पर सप्लीमेंट, मल्टीविटामिन या एनर्जी ड्रिंक भी लेने लगे हैं। थोड़ी मात्रा में सप्लीमेंट लेना सुरक्षित है, लेकिन लंबे समय तक हाई डोज लेने से शरीर पर बुरा असर पड़ सकता है।
अगर विटामिन B6 जरूरत से ज्यादा लिया जाए तो इसका सबसे बड़ा खतरा नर्वस सिस्टम पर पड़ता है। हाई डोज लेने से नर्व डैमेज (परिफेरल न्यूरोपैथी) होने का खतरा बढ़ जाता है। इसके लक्षण होते हैं, हाथ-पैरों में झनझनाहट, सुन्नपन, जलन या सुई चुभने जैसा दर्द। कई बार चलते समय संतुलन बिगड़ना, पैर भारी लगना या कमजोरी भी महसूस हो सकती है।
ये परेशानी आमतौर पर खाने से नहीं होती, बल्कि उन लोगों में ज्यादा दिखती है जो सप्लीमेंट्स का अनजाने में ओवरडोज ले लेते हैं, क्योंकि B6 मल्टीविटामिन, एनर्जी ड्रिंक, वजन घटाने वाले प्रोडक्ट्स जैसे कई चीज़ों में पहले से मौजूद होता है। इसके और भी साइड इफेक्ट्स हो सकते हैं, पेट खराब होना, त्वचा पर रैशेज, धूप से एलर्जी बढ़ जाना, और शरीर की गर्म-ठंड का एहसास कम होना।
ऑस्ट्रेलिया की हेल्थ एजेंसी TGA अब B6 सप्लीमेंट के लिए कड़े नियम ला रही है (जून 2027 से) 50 mg तक वाले सप्लीमेंट पहले की तरह OTC यानी बिना प्रिस्क्रिप्शन मिलेंगे। 50 से 200 mg वाले सप्लीमेंट सिर्फ फार्मासिस्ट की सलाह के साथ मिलेंगे।
200 mg से ज्यादा डोज के लिए डॉक्टर का प्रिस्क्रिप्शन जरूरी। ये बदलाव इसलिए किए जा रहे हैं ताकि लोग हाई डोज लेने से होने वाले नर्व डैमेज से बच सकें। ऑस्ट्रेलिया में B6 की कमी बहुत कम होती है, और अधिकतर वही लोग प्रभावित होते हैं जिन्हें गंभीर बीमारियां हैं या शराब की आदत होती है। दुनिया भर में भी इसके नियम अलग-अलग हैं अमेरिका 100 mg तक को सुरक्षित मानता है, यूरोप सिर्फ 12 mg तक की अनुमति देता है, जबकि जापान 40-60 mg तक।
ज्यादातर लोगों के लिए 10 mg से कम वाला मल्टीविटामिन काफी है। हाई डोज तभी लें जब डॉक्टर कहें। अगर हाथ-पैरों में सुन्नपन या झनझनाहट हो रही हो, तो तुरंत सप्लीमेंट बंद करें। किसी भी साइड इफेक्ट की सूचना संबंधित हेल्थ अथॉरिटी को दें।निचोड़ यही है कि विटामिन जरूरी है, लेकिन ज्यादा लेना सेहत के लिए खतरनाक हो सकता है। इसलिए जितना जरूरी, बस उतना ही नियम अपनाएं।
Published on:
29 Nov 2025 10:24 am
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