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Bihar Exit poll 2025: तेजस्वी का सपना हुआ ‘चकनाचूर’, फिर रह जाएंगे CM की कुर्सी से दूर

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के लिए मतदान संपन्न हो गया है। इसके बाद आए एग्जिट पोल में NDA की सरकार बनती हुई नजर आ रही है।

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पटना

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Ashib Khan

Nov 11, 2025

एग्जिट पोल में महागठबंधन को मिल रही हार

राजद नेता तेजस्वी यादव। (फोटो- IANS)

Bihar Exit poll 2025: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के मतदान के बाद एग्जिट पोल सामने आ गए है। अधिकतर एग्जिट पोल में एनडीए की सरकार बनती हुई नजर आ रही है और महागठबंधन को हार का सामना करना पड़ रहा है। एग्जिट पोल के मुताबिक एक बार फिर तेजस्वी यादव का सीएम की कुर्सी वाला सपना चकनाचूर होते हुए नजर आ रहा है।

बता दें कि इस बार महागठबंधन ने तेजस्वी यादव को सीएम फेस घोषित किया था। महागठबंधन में सीट बंटवारे के दौरान भी काफी विवाद सामने आया था। हालांकि अंत तक सीट बंटवारे पर गठबंधन की तरफ से संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस नहीं की गई थी। इसके अलावा कई सीटों पर फ्रेंडली मुकाबला भी हुआ था

जन सुराज का नहीं चला जादू

पहली बार बिहार विधानसभा चुनाव लड़ रही प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी की शुरुआत फीकी रहने वाली है। एग्जिट पोल के अनुसार, 243 सदस्यीय विधानसभा में उसे 0 से 5 सीटें मिल सकती हैं।

क्या बोले राजद नेता

एग्जिट पोल पर राजद की तरफ से प्रतिक्रिया सामने आई है। राजद नेता मृत्युंजय तिवारी ने कहा, "एग्जिट पोल पहले भी गलत साबित हुए हैं और आगे भी गलत साबित होंगे। 14 नवंबर को पूरा विश्वास है कि महागठबंधन और तेजस्वी यादव भारी मतों से जीतेंगे।”

उन्होंने आगे कहा कि बिहार में जनता ने NDA सरकार के खिलाफ वोट दिया है और तेजस्वी सरकार बनाने के लिए वोट दिया है। जो लोग एग्जिट पोल देखकर खुशफहमी में हैं, उन्हें रहने दीजिए। सत्य परेशान हो सकता है, पराजित नहीं। बिहार में महागठबंधन और तेजस्वी यादव की सरकार बनना तय है।

बिहार में हुई रिकॉर्डतोड़ वोटिंग

बिहार में मंगलवार को अब तक का सबसे ज़्यादा मतदान हुआ, जहाँ राज्य के बहुप्रतीक्षित विधानसभा चुनाव के दूसरे और अंतिम चरण में कुल 68.52% मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। पहले चरण में करीब 65.09 प्रतिशत वोटिंग हुई थी।

राज्य के एकमात्र मुस्लिम बहुल ज़िले किशनगंज में सबसे ज़्यादा 76.26 प्रतिशत मतदान हुआ, उसके बाद कटिहार (75.23 प्रतिशत), पूर्णिया (73.79 प्रतिशत), सुपौल (70.69 प्रतिशत) और अररिया (67.79 प्रतिशत) का स्थान रहा। दक्षिणी जिलों में भी ज़बरदस्त मतदान हुआ, जिनमें जमुई (67.81 प्रतिशत), गया (67.50 प्रतिशत) और कैमूर (67.22 प्रतिशत) शामिल हैं, जबकि नवादा में सबसे कम 57.31 प्रतिशत मतदान हुआ।